चंपारण की खबर::मोतिहारी में BCA छात्र की सड़क हादसे में मौत पर बवाल, किया ट्रैफिक जाम

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मोतिहारी, राजन द्विवेदी।

शनिवार को उपराष्ट्रपति सी॰ वी. राधाकृष्णन के दीक्षांत समारोह में शामिल होने के दिन शहर के बीचों‑बीच जाम और बवाल देखने को मिला। वजह यह रहा कि LND कॉलेज के पास एक अनियंत्रित स्कूल बस की चपेट में आकर BCA के छात्र अभिषेक कुमार की मौत हो गई। जिसके बाद परिजन और छात्रों ने सड़क जाम कर जोरदार विरोध प्रदर्शन कर दिया।
घटना नगर थाना क्षेत्र के हॉस्पिटल चौक के पास की है। बताया जा रहा है कि अभीषेक कुमार, जो कॉलेज एग्जाम देने मोतिहारी आया था, सड़क पार करते समय स्कूल बस की चपेट में आ गया। वह गंभीर रूप से घायल हो गया और लोगों ने उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया। लेकिन डॉक्टर उसे बचा नहीं सके। अभिषेक मृत्यु के समय LND कॉलेज में BCA की पढ़ाई कर रहा था और वह परिवार का इकलौता बेटा था, जबकि उसकी एक छोटी बहन है।

इलाज में लापरवाही का आरोप

परिजनों का कहना है कि घायल छात्र को समय पर उचित चिकित्सा सुविधा नहीं मिली। उनके अनुसार अस्पताल परिसर में एंबुलेंस उपलब्ध होने के बावजूद उसकी त्वरित गंतव्य पर नहीं पहुंचाया गया, जिसके कारण उसकी मृत्यु हुई। यह आरोप परिजनों के गुस्से को और भड़का दिया और उन्होंने तुरंत न्याय की मांग को लेकर सड़क जाम कर दिया।

सड़क जाम और पुलिस कार्रवाई

अभिषेक की मौत के बाद उसके परिजन और कॉलेज छात्रों ने LND कॉलेज के मुख्य गेट के सामने शव को सड़क पर रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। छोटी बहन सड़क पर डेड बॉडी के पास बैठकर गाड़ियों को रोकती नजर आई, जबकि वहीं उसकी मां रोती रही और बार‑बार इंसाफ की मांग करती रही। करीब तीन घंटे तक यातायात पूरी तरह ठप रहा।

सूचना मिलते ही एसपी और डीएसपी सहित पुलिस की भारी फोर्स मौके पर पहुंची और भीड़ को समझाने की कोशिश की। जब परिजन और छात्र मानने को तैयार नहीं थे, तो पुलिस ने उन्हें सड़क से घसीट‑घसीट कर हटाने का प्रयास किया। इस दौरान हाथापाई की नौबत आ गई और मृतक की मां के साथ धक्का‑मुक्की का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। कई रिश्तेदारों का आरोप है कि पुलिस ने उनकी बात सुनने के बजाय डंडे से मारकर भगा दिया।


अभिषेक का शव पोस्टमॉर्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया। इसके बाद परिवार  हरसिद्धि के लिए निकल गया, जहां वह रहता था। इस दौरान भास्कर से बातचीत में मृतक की बुआ ने रोते हुए कहा कि उन्हें न्याय चाहिए और पुलिस ने उनकी एक न सुनी। वह आगे बोलीं कि उन्हें डंडे से मारकर भगा दिया गया और अब वे न्याय के लिए हर जगह आवाज बुलंद करेंगे।

उपराष्ट्रपति के दौरे से पहले तनाव

मोतिहारी में ही इसी दिन देश के उपराष्ट्रपति सीवी राधाकृष्णन महात्मा गांधी सेंट्रल यूनिवर्सिटी के तीसरे दीक्षांत समारोह में शिरकत करने आए। कार्यक्रम में बिहार के राज्यपाल सैयद आता हसनैन और डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी भी मौजूद थे। इसके बाद उपराष्ट्रपति दोपहर करीब डेढ़ बजे चरखा पार्क स्थित गांधी संग्रहालय और शाम तीन बजे भितिहरवा स्थित गांधी आश्रम का दौरा करने वाले हैं। घटना के बाद शहर के एक भाग में जाम और तनाव रहने से सुरक्षा व्यवस्था और भी कड़ी कर दी गई है।

अधिकारियों की जांच और आगे की संभावना

पुलिस ने घटना की औपचारिक जांच शुरू कर दी है।  हादसे के दौरान बस के चालक और अस्पताल की स्थिति के संबंध में सभी जानकारी जुटाई जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि इलाज में लापरवाही साबित होती है, तो अस्पताल के अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। छात्र संगठनों ने भी काले झंडे लेकर धरना शुरू करने की चेतावनी दी है, जब तक उनकी मांगों को मान लिया नहीं जाता।
इस तरह मोतिहारी में उपराष्ट्रपति के सम्मानपूर्ण दौरे के साथ‑साथ एक छात्र की निर्मम मौत ने शहर की जनता को दोहरे दृश्यों से झुकाया है।