
मोतिहारी , राजन द्विवेदी।
मोतिहारी शहर को जाम से निजात दिलाने की और पहल को अनुमति मिल गई है। जिसमें
बापूधाम मोतिहारी स्टेशन से सटे एमएस कॉलेज रेलवे फाटक (संख्या-161) पर जाम की समस्या से निजात मिलेगा। लंबे समय से तकनीकी अड़चनों में उलझी लाइट आरओबी (रेलवे ओवर ब्रिज) परियोजना को आखिरकार रेलवे ने हरी झंडी दे दी।सांसद राधा मोहन सिंह के पहल के बाद समस्तीपुर रेल मंडल ने इस परियोजना को मंजूरी दी है। परियोजना में सबसे बड़ी बाधा आरओबी की चौड़ाई को लेकर थी। निर्माण एजेंसी द्वारा प्रस्तावित 4 मीटर चौड़े आरओबी पर रेल मंडल की आपत्ति थी, लेकिन भूमि की उपलब्धता और अधिग्रहण की व्यावहारिक समस्याओं को देखते हुए पुराने प्रस्ताव में आवश्यक संशोधन कर सहमति बना ली गई। समस्तीपुर रेल मंडल के डीआरएम ज्योति प्रकाश मिश्रा ने इसकी पुष्टि की है। कहा है कि परियोजना से जुड़े सभी तकनीकी पहलुओं को सुलझा लिया गया है और शीघ्र ही निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा।प्रशासनिक स्वीकृति में देरी के कारण अब तक कार्य आगे नहीं बढ़ सका था, लेकिन अब औपचारिक प्रक्रियाएं अंतिम चरण में हैं । निर्माण कार्य अद्या कंस्ट्रक्शन द्वारा किया जाएगा। जबकि पीएमसी कंपनी के अधिकृत अभियंता राजीव गोयल की टीम परियोजना की निगरानी में सक्रिय है। हाजीपुर मुख्यालय से अंतिम स्वीकृति मिलते ही कार्य को तेज गति से शुरू किए जाने की संभावना है।
इस परियोजना पर करीब 1.5 करोड़ रुपये की लागत आएगी। आरओबी की कुल लंबाई 175 मीटर एवं चौड़ाई 3 मीटर होगी।
रेलवे ट्रैक के ऊपर 30 मीटर हिस्सा बिना पिलर के कंपोजिट स्टील गार्डर से बनेगा। आरओबी केवल पैदल यात्रियों, साइकिल व दोपहिया वाहनों के लिए होगी। ऑटो, चारपहिया व भारी वाहनों को अनुमति नहीं होगी।
