
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी बिहार के राज्यस्तरीय धरना प्रदर्शन कार्यक्रम के तहत शुक्रवार को पकरीबरावां प्रखंड कार्यालय में एक दिवसीय धरना प्रदर्शन का आयोजन किया गया जिसकी अध्यक्षता कॉम भुवनेश्वर प्रसाद मेहता ने की । वादा के अनुसार सरकार के तीन काले कानूनों को वापस लेने , श्रमिकों के आठ घंटे का कार्य दिवस निर्धारित करने , मनरेगा का नाम एवं नियमावली पुनः लागू करने , सभी किसानों के लिए सस्ते उर्वरक, बीज और कीटनाशक उपलब्ध कराए जाने , भारत-अमेरिका व्यापार समझौते को रद्द करने , अत्यधिक भ्रष्टाचार और भूमि परिवर्तन में देरी को रोकने समेत दस सूत्री मांगों के समर्थन में यह धरना प्रदर्शन किया गया । धरनार्थियों ने केंद्र सरकार की किसान विरोधी नीतियों पर प्रहार करते हुए कहा कि ये सरकार न केवल मेहनतकश मजदूरों और छात्र नौजवानों के लिए खतरनाक है बल्कि किसानों के लिए काल बनकर प्रकट हुआ है । इस संबंध में छह सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल ने दस सूत्री मांगों का एक ज्ञापन प्रखंड विकास पदाधिकारी को सौंप कर केंद्र सरकार को अग्रसारित करने की मांग की । प्रतिनिधि मंडल के साथियों में कॉम भुवनेश्वर प्रसाद , अशोक समदर्शी , शैलेन्द्र रविदास , कृष्ण चौहान , महादेव मांझी और राम श्रेष्ठ यादव शामिल थे जबकि धरना स्थल पर सैकड़ों किसान मजदूर और नौजवान साथियों ने उपस्थित दर्ज की ।

