
वायरल विडियो में सांसद डॉ सुरेंद्र प्रसाद यादव दे रहे हैं गाली,तो पत्रकारों पर निकाली भड़ास।
जहानाबाद (बिहार) से ब्यूरो चीफ मनोहर सिंह का रिपोर्ट।
जहानाबाद -स्थानीय सांसद डॉ सुरेंद्र प्रसाद यादव का एक तेजी से विडियो वायरल होने पर, खिसियानी बिल्ली खंभा नोचे वाली कहावत चरितार्थ हुई। उल्टे पत्रकारों पर ही अपनी गुस्सा का इजहार करते हुए भड़ास निकाली। हालांकि सांसद का हो रहा वायरल विडियो एस के लाइव न्यूज चैनल पुस्टी नहीं करता, फिर भी जिस तरह से चुनाव में अपने पुत्र की हार के बाद बौखलाहट उभरी,उसका परिणाम स्वरूप एक समाज को टारगेट कर मुंह से अपशब्द यानी गाली देकर नवाजा वो कही से उचित प्रतीत नहीं होता। लेकिन इतना पर भी गुस्सा जब शांत नहीं हुआ तो वायरल विडियो पर जो राजनीतिक गलियारों में हलचल मच गया, परिणाम स्वरूप पत्रकारों पर अपना गुस्सा दिखा दी। गुस्साएं सांसद ने पत्रकारों पर उल्टा पैसा लेने का आरोप लगा दी। इतना से भी मन नहीं भरा तो सवाल पुछ रहे पत्रकार को गरीबी का मज़ाक़ उड़ाया।वाह सांसद महोदय आपने तो सारी सिमाए लांघने में कोई कसर छोड़ा ही नहीं।
यहां सवाल उठता है कि क्या पत्रकार किसी जनप्रतिनिधि से सवाल नहीं उठाए? क्या पत्रकार को सवाल उठाना गलत है? यदि पत्रकार सवाल नहीं उठाया तो आखिर कौन उठाएगा? क्या पत्रकार को सवाल उठाने पर उल्टा सीधा जवाब सुनकर मौन हो जाएगा?
कदापी नहीं पत्रकारों को सवाल उठाना उचित है क्योंकि पत्रकार को चौथा स्तंभ माना गया है।
वही सांसद महोदय हद पार करते हुए कहा कि मुझे डर नहीं है,मै किसी से नहीं डरता।तो मैं एक पत्रकार होने के नाते कहना चाहता हूं कि सांसद महोदय आपको डर क्यों लगेगा,चुकी आपकी गिनती तो एक बाहुबली सांसद के रूप में जाने जाते हैं।
फिर भी पत्रकार सवाल आपसे पुछेगा ही।
यहां यह जानकारी के लिए बता दूं कि बीते दिन जहानाबाद सांसद से विकास की बात कहने पर एक समाज को वोट नही देने पर ग़ुस्सा में गाली का शब्द प्रयोग किया था, जो तेजी से विडियो वायरल हो गया, और राजनीतिक गलियारों में हलचल पैदा कर दी। वही विपक्ष इसे मुद्दा बना लिया। फिर क्या था विपिक्षी द्बारा मुद्दा बनाए जाने पर पर जब पत्रकार ने सवाल किया, तो सांसद महोदय का ग़ुस्सा फुट पड़ा।
