
रोसड़ा /समस्तीपुर
जिले के रोसड़ा प्रखंड अंतर्गत ग्राम पंचायत राज मोतीपुर , जहांगीरपुर उत्तर, ठाहर बसढ़िया, मो नगर पुरब,मो नगर पश्चिम, हरिपुर,भिरहा पुरब,भिरहा दक्षिण,भिरहा पश्चिम,रहुआ, जहांगीरपुर दक्षिण, सोनूपुर उत्तर, भरवाड़ी पंचायत में सोमवार को एक महत्वपूर्ण विशेष ग्राम सभा का आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य पंचायत विकास सूचकांक 2.0 डाटा का ऑनलाइन सत्यापन करना था। मोतीपुर पंचायत सरकार भवन के प्रांगण में पंचायत की मुखिया प्रेमा देवी की अध्यक्षता में संपन्न हुआ।बैठक की शुरुआत राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय योजनाओं के संदर्भ में ग्राम पंचायत के विकास से संबंधित उपलब्धियों की संक्षिप्त प्रस्तुति से हुई। इसके बाद PAI 2.0 के तहत संकलित डाटा को ग्रामसभा के समक्ष प्रस्तुत कर उसका बिंदुवार सत्यापन किया गया।
मुखिया प्रेमा देवी, पंचायत सचिव नंदकुमार पोद्दार, कार्यपालक सहायक रचना कुमारी, स्वच्छता पर्यवेक्षक मनोज कुमार, विकास मित्र अमरजीत कुमार, रोजगार सेवक रंजीत साहू, कृषि समन्वयक मुकेश कुमार, राजस्व कर्मचारी संतोष कुमार सहित पंचायत के सभी वार्ड सदस्य मौजूद थे।
इसके अतिरिक्त पंचायत स्तर पर कार्यरत जीविका दीदियाँ, आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी सेविकाएँ, एएनएम, एवं बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण एवं बुद्धिजीवी नागरिक भी उपस्थित रहे। ग्रामीणों ने पूरे आयोजन के दौरान गहरी रुचि दिखाई और कई सुझाव भी प्रस्तुत किए।

पंचायत विकास सूचकांक 2.0 एक शासन-आधारित पहल है जिसका उद्देश्य पंचायती स्तर पर उपलब्ध सुविधाओं, संसाधनों, योजनाओं की कार्यान्वयन स्थिति और विकास की वास्तविक तस्वीर को आंकड़ों के माध्यम से प्रदर्शित करना है। इसके तहत शिक्षा, स्वास्थ्य, पोषण, स्वच्छता, जल-जीवन मिशन, आजीविका, ग्रामीण आवास योजना आदि 9 प्रमुख क्षेत्रों में सूचकांक तैयार किया जाता है।
मुखिया प्रेमा देवी ने अपने संबोधन में कहा कि, “पंचायत विकास सूचकांक एक पारदर्शी माध्यम है, जिससे यह पता चलता है कि हमारी पंचायत में किस क्षेत्र में प्रगति हो रही है और किन क्षेत्रों में और प्रयास करने की आवश्यकता है। इसके ऑनलाइन सत्यापन से न केवल योजनाओं की पारदर्शिता बनी रहती है बल्कि जनता को भी अपने अधिकारों और उपलब्ध संसाधनों की जानकारी मिलती है।
पंचायत सचिव नंदकुमार पोद्दार और अन्य पदाधिकारियों ने ग्रामीणों को सूचित किया कि यह प्रक्रिया केवल आंकड़ों का सत्यापन नहीं है, बल्कि यह पंचायत को एक सहभागी लोकतांत्रिक संस्था के रूप में मजबूत करने का एक अवसर भी है। ग्रामीणों से अपील की गई कि वे आगे भी पंचायत स्तर की बैठकों में सक्रिय सहभागिता करे।
बैठक के अंत में कार्यपालक सहायक रचना कुमारी ने सभी उपस्थित लोगों का धन्यवाद ज्ञापन करते हुए कहा कि “इस तरह की पारदर्शी प्रक्रियाएं पंचायत और ग्रामीणों के बीच विश्वास को मजबूत करती हैं। आने वाले समय में सभी विकासात्मक योजनाओं की जानकारी समय-समय पर ग्राम सभाओं के माध्यम से साझा की जाएगी।”