
सभी अंचल अधिकारी को ससमय कार्य निष्पादन करने का दिया निर्देश।
जहानाबाद (बिहार) से ब्यूरो चीफ मनोहर सिंह का रिपोर्ट।
जहानाबाद -जिला पदाधिकारी, अंलकृता पाण्डेय ने समाहरणालय स्थित सभा कक्ष मे सभी अंचल अधिकारियों एवं राजस्व अधिकारियों के साथ राजस्व संबंधित यथा भूमि विवाद, दाखिल खारिज, परिमार्जन, अभियान बसेरा, भूमि मापी, ई-मापी, माननीय उच्च न्यायलय में दायर मामलों के निष्पादन इत्यादि से संबंधित मामलों की गहन समीक्षा की।
सर्वप्रथम आज की इस बैठक में पूर्व के बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन की समीक्षा की । समीक्षा के क्रम में जिला पदाधिकारी ने सभी अंचल अधिकारी को लंबित मामलों का यथाशीघ्र निष्पादन करने का निदेश दिया ।
इस बात की जानकारी प्रेस रिलीज जारी बताया कि बैठक मे अंचल स्तर पर दाखिल खारिज एवं ई-दाखिल खारिज संबंधित कार्याे के निष्पादन के मुल्यांकन प्रतिवेदन की बात करें, तो दिनांक 01.04.2025 से दिनांक 16.02.2026 तक में काको अंचल में दाखिल खारिज में सबसे ज्यादा 99.94 प्रतिशत तथा सबसे कम मखदुमपुर अंचल में 98.33 प्रतिशत कार्याे का निष्पादन किया गया है। जिला स्तर पर बात करें तो दाखिल खारिज से संबंधित कुल 151090 आवेदन प्राप्त हुए है, जिसमे कुल 149708 आवेदन का निष्पादन किया गया है इस प्रकार 99.09 प्रतिशत आवेदन का निष्पादन किया गया है।

बैठक मे अंचल स्तर पर परिर्माजन संबंधित कार्याे के निष्पादन के मुल्यांकन प्रतिवेदन की बात करें, तो दिनांक 01.04.2025 से दिनांक 16.02.2026 तक में जहानाबाद सदर अंचल में परिर्माजन में सबसे ज्यादा 82.04 प्रतिशत तथा सबसे कम मोदनगंज अंचल में 65.73 प्रतिशत कार्याे का निष्पादन किया गया है। जिला स्तर पर बात करें तो परिर्माजन प्लस पोर्टल पर डिजिटाईज्ड जमाबंदी में सुधार के लिए 26835 आवेदन प्राप्त हुए है, जिनमें से 19927 का निष्पादन कर लिया गया है। वहीं उन्होंने बताया कि सभी को निर्देश दिया गया है कि डिजिटाईज्ड जमाबंदी में सुधार पूरी जिम्मेदारी एवं एकाग्रता के साथ करें एवं निष्पादन की गति में बढ़ोतरी लायें।
अभियान बसेरा के समीक्षा में पाया गया कि पिछले माह की तुलना में इस बार सुधार हुआ है एवं जिला में कुल 2499 सर्वे के विरूद्ध 1826 भूमिहीनों को भूमि आवंटित की गई है एवं जनवरी, 2026 माह तक 101.12 प्रतिशत लक्ष्य की प्राप्ति अभियान बसेरा फेज-2 के अंतर्गत हुई है।
वहीं उन्होंने बताई कि समीक्षा के क्रम मे सभी अंचल अधिकारी/राजस्व अधिकारी को निदेश दिया कि दाखिल-खारिज एवं परिमार्जन में 75 दिनों से अधिक एवं 35 दिनों से अधिक लंबित मामले की सत्यता की जाँच कर ससमय निष्पादित करना सुनिश्चित करेगे।
